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कश्मीर में विदेशी आतंकियों की संख्या लगातार बढ़ रही है : खुफिया रिपोर्ट

शुक्रवार, 19 अक्टूबर, 2018  सम्पादकीय
 
 
भारत द्वारा घुसपैठ रोकने के कड़े उपायों के बावजूद कश्मीर में विदेशी आतंकियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। खुफिया सूत्रों की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, पहले के मुकाबले इस साल विदेशी आतंकियों की संख्या लगभग दोगुनी होकर 100 से ऊपर पहुंच चुकी है। आशंका जताई गई है कि आईएसआई नए रूट से आतंकियों की बिना हथियार घुसपैठ करा रही है।

सुरक्षा बलों को मिली सूचना के अनुसार, नियंत्रण रेखा एवं अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पिछले एक-दो सालों के दौरान घुसपैठ में कमी आई है। इसका नतीजा यह हुआ था कि विदेशी आतंकियों की संख्या घाटी में कम हो गई थी। विदेशी आतंकियों में पाकिस्तानी, पाक अधिकृत कश्मीर और कुछ अफगानी एवं अन्य मूल के आतंकी शामिल हैं।

सूत्रों का कहना है कि आतंकी यदि नियंत्रण रेखा या सीमा से घुसपैठ नहीं कर पा रहे हैं तो दूसरे जिस रास्ते से इनके घुसने की आशंका है, वह नेपाल सीमा है। यहां से बिना हथियार उत्तर भारत में प्रवेश करने के बाद वे कश्मीर पहुंच रहे हैं। इसके बाद कश्मीर में आतंकी संगठन उन्हें हथियार मुहैया कराते हैं।

सुरक्षा बलों को मिली ताजा खुफिया रिपोर्ट के अनुसार, कश्मीर में इस साल स्थानीय स्तर पर भर्ती बढ़ने के साथ-साथ विदेशी आतंकियों की संख्या भी बढ़ी है। इस साल जहां डेढ़ सौ से अधिक स्थानीय आतंकी भर्ती हुए हैं, वहीं 100 से ज्यादा विदेशी आतंकी भी सक्रिय हैं। जिनमें से दो तिहाई आतंकियों किसी रूट से इसी साल घाटी में घुसे हैं। तीन सौ से अधिक आतंकी कश्मीर में अभी सक्रिय बताए गए हैं।

कश्मीर घाटी में सक्रिय आतंकी संगठनों ने स्थानीय स्तर पर भर्ती के साथ दक्षिण कश्मीर के जंगलों में ही ट्रेनिंग शिविर भी बना दिए थे। दरअसल, प्रशिक्षण के लिए पाक अधिकृत कश्मीर जाना और लौटना भी कठिन था।
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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